छत्तीसगढ़ शासन द्वारा निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 (RTE Act) के अंतर्गत शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया की समय-सारिणी जारी कर दी गई है। यह पूरी प्रक्रिया राज्य के आर.टी.ई. ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से संचालित की जाएगी, जिससे पात्र बच्चों को निजी विद्यालयों में निःशुल्क शिक्षा का लाभ मिल सकेगा। इस वर्ष RTE प्रवेश प्रक्रिया को दो चरणों में विभाजित किया गया है।
प्रथम चरण में वर्ष 2025-26 की शुल्क प्रतिपूर्ति का सत्यापन एवं नियमित प्रवेश से जुड़ी कार्यवाही होगी, जबकि द्वितीय चरण में नए स्कूलों का पंजीयन एवं शेष सीटों पर प्रवेश की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
प्रथम चरण: शुल्क प्रतिपूर्ति सत्यापन एवं प्रवेश प्रक्रिया प्रथम चरण की शुरुआत 1 जनवरी 2026 से होगी। इस दौरान निजी विद्यालयों को अपनी स्कूल प्रोफाइल अपडेट करनी होगी। इसके साथ ही नोडल प्राचार्य एवं जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) द्वारा स्कूलों का सत्यापन कर सीटों का प्रकटीकरण किया जाएगा।
छात्रों का ऑनलाइन पंजीयन 16 फरवरी 2026 से 31 मार्च 2026 तक किया जा सकेगा। इसी अवधि में नोडल स्तर पर दस्तावेजों का सत्यापन भी होगा। सभी पात्र आवेदनों के आधार पर 13 अप्रैल से 17 अप्रैल 2026 के बीच ऑनलाइन लॉटरी एवं सीट आवंटन किया जाएगा।
लॉटरी में चयनित विद्यार्थियों का विद्यालयों में दाखिला 1 मई 2026 से 30 मई 2026 तक कराया जाएगा। इसके पश्चात 25 मई से 25 जून 2026 के बीच वर्ष 2025-26 की शुल्क प्रतिपूर्ति का अंतिम सत्यापन किया जाएगा।द्वितीय चरण: नए स्कूलों का पंजीयन एवं प्रवेशद्वितीय चरण उन निजी विद्यालयों और सीटों के लिए रखा गया है जो प्रथम चरण में शामिल नहीं हो पाए थे। नए स्कूलों का पंजीयन 8 जून 2026 से 20 जून 2026 तक किया जाएगा। इसके बाद 25 जून 2026 तक नोडल प्राचार्य/DEO द्वारा सत्यापन कर सीटों का प्रकटीकरण किया जाएगा।
द्वितीय चरण में छात्रों का पंजीयन 1 जुलाई से 11 जुलाई 2026 तक होगा, जबकि नोडल वेरिफिकेशन 15 जुलाई 2026 तक पूरा किया जाएगा। इसके अंतर्गत 27 जुलाई से 31 जुलाई 2026 के बीच लॉटरी एवं आवंटन होगा और चयनित छात्रों का स्कूल दाखिला 3 अगस्त से 17 अगस्त 2026 तक किया जाएगा।
अभिभावकों के लिए महत्वपूर्ण सूचना शिक्षा विभाग ने अभिभावकों से अपील की है कि वे निर्धारित तिथियों का विशेष ध्यान रखें और समय पर ऑनलाइन पंजीयन व दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करें। किसी भी प्रकार की त्रुटि या विलंब से बच्चे का प्रवेश प्रभावित हो सकता है। RTE के तहत यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। ऑनलाइन प्रक्रिया से पारदर्शिता बनी रहेगी और पात्र विद्यार्थियों को समय पर लाभ मिल सकेगा।